संदिग्ध परिस्थितियों में युवक की मौत परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, निष्पक्ष जांच की मांग
लड़का की हत्या के मामले में मां ने पुलिस कार्रवाई न होने से परेशान महिला ने sp से लगाई निष्पक्ष जांच की गुहार
छतरपुर। जिला अजाक थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने का मामला सामने आया है। मृतक के परिजनों ने एक व्यक्ति पर जबरन काम पर ले जाने और मारपीट कर हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में पीड़ित परिवार ने sp पुलिस अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कराने की गुहार लगाई है।क्या है पूरा मामला?महाराजपुर थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 12 के निवासी मूलचन्द्र अनुरागी ने पुलिस को दिए शिकायती पत्र में बताया कि 18 अप्रैल 2026 को दोपहर करीब 12 बजे उनका भाई गुलाब अनुरागी घर पर था। उसी दौरान गढ़ीमलहरा निवासी सचिन चौरसिया मोटरसाइकिल से आया और गुलाब को अपने टैंकर की पुताई (पेंटिंग) करने के लिए चलने को कहा। गुलाब ने इतनी तेज धूप में काम करने से मना किया, लेकिन आरोप है कि सचिन उसे जबरन अपने साथ ले गया।अस्पताल पहुंचने से पहले ही मौतपरिजनों के अनुसार, उसी शाम करीब 6 बजे उन्हें प्रहलाद अनुरागी नामक व्यक्ति का फोन आया कि गुलाब बेहोश पड़ा है। परिजन तुरंत मौके पर पहुंचे और गुलाब को छतरपुर के मिशन अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शव को जिला चिकित्सालय छतरपुर लाया गया, जहां उसका पोस्टमार्टम हुआ।भीषण गर्मी में लोहे के टैंक के अंदर काम असंभवशिकायतकर्ता का कहना है कि घटना के दिन शहर का तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से अधिक था। इतनी भीषण गर्मी में लोहे का पानी का टैंक धूप में तपने के कारण अत्यधिक गर्म हो जाता है। ऐसी स्थिति में दिन के समय किसी भी इंसान के लिए टैंक के अंदर उतरकर पुताई करना बिल्कुल भी संभव नहीं था।पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोटों के निशानमृतक के भाई का आरोप है कि जब गुलाब ने अत्यधिक गर्मी के कारण काम करने से मना किया, तो सचिन चौरसिया ने उसके साथ मारपीट की, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। परिजनों का दावा है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गुलाब के शरीर पर चार चोटों के निशान पाए गए हैं, जो इस बात का स्पष्ट प्रमाण हैं कि उसके साथ कोई अनहोनी हुई है। पीड़ित परिवार ने पुलिस के आला अधिकारियों से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
एक पीड़ित महिला ने अपने लड़के की हत्या के मामले में पुलिस पर लापरवाही और राजनीतिक दबाव में काम करने का गंभीर आरोप लगाया है। आवेदिका अच्छी बाई अनुरागी (पति कंचन अनुरागी) ने पुलिस अधीक्षक (SP) छतरपुर को आवेदन सौंपकर मामले में निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।विसरा रिपोर्ट आने के बाद भी कार्रवाई नहींदस्तावेज़ के अनुसार, आवेदिका का कहना है कि उनके भाई 'गुलाब' की हत्या के मामले में अब तक पोस्टमॉर्टम की विस्तृत रिपोर्ट नहीं दी गई है। लिवर, पेट और किडनी की जांच के लिए विसरा (FSL) भेजा गया था। एक महीने से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी विसरा जांच रिपोर्ट पर पुलिस द्वारा कोई ठोस कानूनी कदम नहीं उठाया गया है।राजनीतिक दबाव और CCTV फुटेज हटाने का आरोप पीड़िता ने जांच अधिकारी पर राजनीतिक दबाव में काम करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि दोषी को बचाने के लिए जांच सही तरीके से नहीं की जा रही है। आवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि घटना स्थल पर पहले से लगे CCTV कैमरे और DVR को घटना के बाद सचिन चौरसिया नामक व्यक्ति ने हटा दिया। यदि DVR की गहनता से जांच की जाए, तो पूरी सच्चाई सामने आ सकती है।हत्या की पुरानी रंजिश और धमकियांशिकायत के मुताबिक, घटना से ठीक एक सप्ताह पहले अशोक अनुरागी ने गुलाब को जान से मारने की धमकी दी थी। इसका कारण अशोक की बहन की गुलाब से पुरानी मित्रता बताई जा रही है। आवेदिका का आरोप है कि इस हत्याकांड में अशोक अनुरागी, प्रहलाद अनुरागी, आलोक अहिरवार और सचिन चौरसिया समेत कई अन्य लोग शामिल हैं।पुलिस पर गुमराह करने का आरोपआवेदिका ने बताया कि इस संबंध में उन्होंने पहले भी पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दिनांक 21/04/2026, 09/05/2026 और 19/05/2026 को शिकायती आवेदन दिए हैं। इसके बावजूद संबंधित पुलिस थाने में अब तक मामले की FIR दर्ज नहीं की गई है और पुलिस लगातार पीड़ित परिवार को गुमराह कर रही है। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार बेहद डरा और सहमा हुआ है।

Post a Comment