छतरपुर। जिला अंतर्गत राजनगर थाना क्षेत्र के बंदरगढ़ में जमीन विवाद को लेकर एक परिवार पर जानलेवा हमला करने का मामला सामने आया है। पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक (SP) कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।खेत जोतने के दौरान किया हमला पीड़ित धनीराम पाल ने पुलिस अधीक्षक को सौंपे गए शिकायती पत्र में बताया कि 3 जुलाई 2026 की शाम करीब 6 बजे वह अपने परिवार के साथ खेत पर काम कर रहा था।
उसी समय गांव के ही कुछ रसूखदार लोग ट्रैक्टर लेकर आए और पीड़ित की मलकियत वाली जमीन को जबरन जोतने लगे। जब पीड़ित और उसकी पत्नी ने इस अवैध कब्जे का विरोध किया, तो आरोपियों ने गाली-गलौज शुरू कर दी।लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटाविवाद बढ़ने पर आरोपियों ने कुल्हाड़ी और लाठियों से लैस होकर पीड़ित परिवार पर हमला बोल दिया।
हमले में आवेदक धनीराम पाल, उनकी पत्नी, पुत्र और भतीजे को गंभीर चोटें आई हैं। लाठी लगने से प्रार्थी के सिर से काफी खून बहने लगा और अन्य सदस्य भी लहूलुहान हो गए। चीख-पुकार सुनकर जब आस-पास के लोग बीच-बचाव करने आए, तो आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से भाग निकले।थाने में सुनवाई न होने पर पहुंचे SP दफ्तरपीड़ित का आरोप है कि घटना के बाद उन्होंने राजनगर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी और उनका मुलाहजा (मेडिकल परीक्षण) भी कराया गया था।
इसके बावजूद पुलिस ने अब तक आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और पीड़ित परिवार डरा-सहमा हुआ है। थक-हारकर पीड़ित ने अब पुलिस अधीक्षक से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
हमले में सिर पर आए 21 टांके, पीड़ित कोमा मेंआवेदन में दिए गए विवरण के अनुसार, विवाद के दौरान बीच-बचाव करने आए प्रार्थी के भतीजे नरेन्द्र पाल पर आरोपी नपत पाल और लखन पाल ने कुल्हाड़ी तथा लग्गी (बांस का डंडा) से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में नरेन्द्र का सिर कई जगहों से फट गया। गंभीर हालत में उसे ग्वालियर रेफर किया गया, जहां उसके सिर पर 21 टांके आए हैं और वह वर्तमान में भी कोमा (बेहोशी) की स्थिति में है।
इसके अलावा प्रार्थी की पत्नी बिट्टी बाई पाल के सिर पर भी डंडा मारा गया, जिससे उनका सिर फट गया और 8 टांके आए हैं। आरोपी पूरे परिवार को मरणासन्न (अधमरी) अवस्था में छोड़कर भाग गए थे।मामूली धाराओं में FIR दर्ज, खुलेआम घूम रहे आरोपीघटना की रिपोर्ट राजनगर थाने में दिनांक 03/07/2026 को ही दर्ज कराई गई थी, जिस पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 0171/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296(B), 115(2), 351(3), और 3(5) के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पीड़ित का आरोप है कि इतनी गंभीर घटना और जानलेवा हमले के बावजूद पुलिस ने बेहद मामूली धाराओं में केस दर्ज किया है।
पुलिस ने न तो घटना स्थल का मौका मुआयना किया और न ही आरोपियों को गिरफ्तार किया है।फिर से मिल रही जान से मारने की धमकीप्रार्थी जानी पाल (पिता धनीराम पाल) ने बताया कि गिरफ्तारी न होने के कारण हौसला बुलंद किए आरोपी गांव में खुलेआम कट्टा लेकर घूम रहे हैं। वे पीड़ित परिवार को दोबारा राजीनामा न करने पर जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। पीड़ित परिवार ने एसपी से गुहार लगाई है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, केस में हत्या के प्रयास जैसी गंभीर धाराएं बढ़ाई जाएं और आरोपियों को तुरंत जेल भेजा जाए ताकि उनके जान-माल की रक्षा हो सके।


Post a Comment